21.6 C
Jaipur
Sunday, March 8, 2026

‘राजस्थान मिशन-2030‘ से प्रशस्त होगा प्रदेश की प्रगति का मार्ग, सुचारू विद्युत आपूर्ति के लिए संकल्पित सरकार,कैबिनेट की बैठक में हुए कई अहम निर्णय

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की अध्यक्षता में मंगलवार शाम मुख्यमंत्री निवास पर राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक हुई। इसमें ‘राजस्थान मिशन-2030’ एवं प्रदेश में सुचारू विद्युत आपूर्ति को लेकर समीक्षा की गई। 

मुख्यमंत्री ने बैठक में मंत्रिपरिषद सदस्यों को अपने-अपने विभागों के ‘विजन-2030 डॉक्यूमेंट‘ को सितम्बर, 2023 तक तैयार कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मंत्री अपने विभागों से सम्बन्धित स्टेक होल्डर्स और एक्सपर्ट्स से चर्चा कर विजन-2030 डॉक्यूमेंट के लिए सुझाव लें। सीएमगहलोत ने कहा कि राजस्थान मिशन-2030 के लिए 1 करोड़ से अधिक लोगों के सुझाव लिए जाएंगे, जिससे बेहतरीन राजस्थान का मार्ग प्रशस्त हो सकेगा।  

मिशन को लेकर आयोजना विभाग द्वारा प्रस्तुतीकरण दिया गया। इसमें बताया गया कि इस अभियान को समयबद्ध योजना बनाकर आगे बढ़ाया जा रहा है। विजन-2030 डॉक्यूमेंट को समयबद्ध रूप से तैयार कराने के दिशा-निर्देश बताए गए। विभाग द्वारा बताया गया कि विभागों के विजन दस्तावेजों के आधार पर राज्य का विजन दस्तावेज तैयार किया जाएगा। 

प्रदेश में विद्युत आपूर्ति होगी सुनिश्चित 

मुख्यमंत्री ने प्रदेश में सुचारू विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित कराने के लिए ऊर्जा विभाग को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि हर क्षेत्र में नियमित विद्युत आपूर्ति के लिए राज्य सरकार संकल्पित है। 

बैठक में विभाग द्वारा बताया गया कि सितम्बर, 2023 में अनुमानित मांग प्रतिदिन 3446 लाख यूनिट रहेगी। यह मांग अगस्त माह में बारिश कम होने के कारण बढ़ी है। हालांकि विभाग द्वारा मांग के अनुरूप आपूर्ति की व्यवस्था कर ली गई है। इसमें राज्य विद्युत उत्पादन निगम द्वारा 5400 मेगावाट बिजली उपलब्ध कराई जाएगी। शेष उपलब्धता अन्य अनुबंधित पावर प्लांट्स द्वारा की जाएगी। इसके उपरांत भी शेष रही कमी की व्यवस्था लघु अवधि निविदा के माध्यम से कर ली गई है। विद्युत विभाग द्वारा बताया गया कि अक्टूबर से दिसम्बर, 2023 तक की विद्युत आपूर्ति के लिए व्यवस्था भी सुनिश्चित कर ली गई है। 

सीएम गहलोत ने विभाग को विद्युत कमी की पूर्ति अन्य राज्यों से बैंकिंग के माध्यम से कराने के निर्देश दिए। साथ ही विद्युत उत्पादन के लिए प्रतिदिन आवश्यक 24 रैक कोयले की आपूर्ति के लिए राज्य विद्युत उत्पादन निगम को सर्वोच्च प्राथमिकता पर सख्त निगरानी के निर्देश दिए गए। सीएम गहलोत ने आपूर्ति में किसी भी प्रकार की समस्या होने पर राज्य सरकार और आवश्यकता अनुसार भारत सरकार के कोयला/रेल मंत्रालय को अवगत कराने के निर्देश भी दिए हैं। श्री गहलोत ने विद्युत वितरण निगमों को जले हुए ट्रांसफार्मरों को बदलने की गति और बढ़ाने की भी आवश्यकता बताई। 

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
0FollowersFollow
0SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

Latest Articles