कन्हैयालाल हत्याकांड पर आधारित फिल्म ‘उदयपुर फाइल्स’ की रिलीज पर सुप्रीम कोर्ट ने रोक जारी रखी है। अब इस मामले में अगली सुनवाई केंद्र सरकार के निर्णय के बाद की जाएगी।
वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने फिल्म देखने के बाद अपनी गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने ने कहा कि जब हाईकोर्ट ने हमसे पूछा, तो मैंने खुद फिल्म देखी। मैं पूरी तरह से हिल गया था। अगर कोई जज इसे देखे, तो उसे पता चलेगा कि यह पूरी तरह से समुदाय के खिलाफ नफरत का विषय है, मैं आमतौर पर दूसरे पक्ष में हूं।
यह एक दुर्लभ मामला है। यह हिंसा को जन्म देता है। उन्होंने कहा कि फिल्म समुदाय के खिलाफ नफ़रत फैलाती है और हिंसा को बढ़ावा देती है। सिब्बल ने फिल्म में समलैंगिकता, महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार और न्यायिक प्रक्रिया के गलत चित्रण पर भी आपत्ति जताई। सुप्रीम कोर्ट ने आदेश में कहा कि केंद्र सरकार के निर्णय का इंतजार करना ही सही होगा। केंद्र सरकार की कमेटी जल्द से जल्द इस पर फैसला ले।


