जयपुर। लघु उद्योग भारती (LUB) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में घोषित जीएसटी 2.0 सुधारों और जीएसटी परिषद द्वारा 3 सितंबर 2025 को स्वीकृत सरलीकृत दो-स्तरीय जीएसटी दर संरचना का स्वागत किया है। संगठन ने इसे भारत की अप्रत्यक्ष कर प्रणाली में एक बड़ा और ऐतिहासिक बदलाव बताया है।
22 सितंबर से लागू होंगे नए टैक्स स्लैब
नई जीएसटी दर संरचना के तहत अब 5% और 18% के तर्कसंगत कर स्लैब लागू होंगे। लघु उद्योग भारती ने कहा कि यह सुधार लंबे समय से प्रतीक्षित था और इससे व्यापार जगत को बड़ी राहत मिलेगी।
एमएसएमई सेक्टर को बड़ी राहत
संगठन ने कहा कि नई व्यवस्था से विशेष रूप से सूक्ष्म और लघु उद्योगों को कार्यशील पूंजी की जरूरतों में कमी, कच्चे माल की सुलभता और बड़े बाजार तक पहुंच मिलेगी। साथ ही, पंजीकरण प्रक्रिया को आसान बनाने, त्वरित रिफंड और अनुपालन बोझ को कम करने के निर्णय की भी सराहना की गई।
उपभोक्ताओं को भी होगा फायदा
LUB ने कहा कि यह सुधार केवल उद्योग जगत ही नहीं बल्कि उपभोक्ताओं के लिए भी लाभकारी है। नई दर संरचना से कीमतें कम होंगी और वस्तुओं व सेवाओं की उपलब्धता बढ़ेगी।
आत्मनिर्भर भारत को मजबूती
संगठन ने कहा कि जीएसटी 2.0 सुधार आत्मनिर्भर भारत और मेक इन इंडिया अभियान को मजबूती देंगे। LUB ने सरकार को इस नीति के सुचारू और समयबद्ध क्रियान्वयन में सहयोग देने का संकल्प लिया। लघु उद्योग भारती ने इन सुधारों को राष्ट्र निर्माण का महत्वपूर्ण स्तंभ बताया और कहा कि यह भारत को विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में बड़ा कदम है।


