29.6 C
Jaipur
Saturday, March 7, 2026

राजस्थान में आजकल ‘सांप’ बहुत डस रहे हैं, नेताओं की मंच पर मजेदार नोकझोंक

जयपुर में रविवार को बीजेपी के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष और हरियाणा प्रभारी डॉ. सतीश पूनियां की पहली पुस्तक ‘अग्निपथ नहीं जनपथ’ का विमोचन कांस्टीट्यूशन क्लब में आयोजित हुआ। इस कार्यक्रम में राजनीतिक माहौल के साथ-साथ संवाद और हंसी-मज़ाक का भी तड़का देखने को मिला। मंच पर पंजाब के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया, पूर्व नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़, कांग्रेस के नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली, भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ और भीलवाड़ा जिला प्रमुख बरजी बाई भील मौजूद रहे।

सांप-सीढ़ी की राजनीति पर मज़ेदार वार्तालाप

कार्यक्रम में सबसे ज्यादा चर्चा ‘सांप डसने वाली राजनीति’ की रही। राजेंद्र राठौड़ ने हंसी-मज़ाक में कहा कि सतीश पूनियां और उन्हें सत्ता में आने से पहले ही ‘सांप’ ने डस लिया। उन्होंने कहा, “सतीश जी ने किताब लिख दी, तो मैंने भी आलेख लिखना शुरू कर दिया। उम्मीद है कि मेरे आलेखों की किताब के विमोचन में भी कटारिया जी आएंगे।” इस पर टीकाराम जूली ने व्यंग्य करते हुए कहा कि राजस्थान में आजकल ‘सांप’ बहुत डस रहे हैं। भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने भी कहा कि राजेंद्र राठौड़, सतीश पूनियां और उनका नाम भी जोड़ लीजिए, हम तीनों ही ‘सांप-सीढ़ी’ के खेल में फिसले हैं।

कटारिया बोले- मैं महामहिम नहीं, कार्यकर्ता हूं

पंजाब के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया ने अपने संबोधन में कहा कि लोकतंत्र की खूबसूरती इसी में है कि नेता हमेशा अग्निपरीक्षा देने को तैयार रहें। उन्होंने कहा, “हमारी पहचान पद से नहीं, जनता के बीच के कार्यकर्ता से है। पद आज है, कल चला जाएगा, लेकिन कार्यकर्ता की पहचान कभी नहीं मिटती।” उन्होंने आगे कहा, “मैं महामहिम बन गया तो क्या जनता से दूर हो जाऊं? कार्यक्रम खत्म होते ही मैं फिर से कार्यकर्ता बन जाऊंगा।” कटारिया ने जनप्रतिनिधियों के सचिवालयों में तबादलों की अर्जियां लेकर घूमने की परंपरा को लोकतंत्र के लिए घातक भी बताया।

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
0FollowersFollow
0SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

Latest Articles