20.6 C
Jaipur
Sunday, March 8, 2026

मालासेरी मंदिर के पुजारियों ने खोली प्रियंका गांधी के झूठ की पोल — अमित गोयल


जयपुर।
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अमित गोयल ने कहा है कि दौसा और झुंझुनूं की सभा में कांग्रेस की राष्ट्रीय नेता प्रियंका गांधी की ओर से लगाए गए पीएम नरेन्द्र मोदी पर आरोप झूठे साबित हुए हैं। भीलवाडा स्थित मालासेरी डूंगरी मंदिर के मुख्य पुजारी हेमराज पोसवाल ने मीडिया के समक्ष आकर कहा है कि प्रियंका गांधी बार बार देवनारायण मंदिर के दान पात्र में लिफाफा डालने का झूठ प्रचार कर रही है। मंदिर के मुख्य पुजारी के इस बयान से कांग्रेस पार्टी के झूठ की पोल खुल गई है। इस मामले को लेकर प्रियंका गांधी को चुनाव आयोग ने नोटिस भी जारी कर दिया है। विधानसभा चुनाव के रण में कांग्रेस पार्टी प्रचार के लिए इस निचले स्तर पर चले जाएगी, यह कोई सोच भी नहीं सकता। इससे कांग्रेस की झूठ वाली राजनीति राजस्थान की जनता के सामने आ गई।
उन्होंने कहा कि सच तो यह है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की बढती लोकप्रियता और देशहित में किए जा रहे कार्यो के कारण कांग्रेस पार्टी के नेताओं को कोई मद्दा ही नहीं मिल रहा है। इसके कारण अब इस कदर परेशान हो गए हैं कि चुनावी मुद्दे के लिए झूठी मनगढंत कहानि​यों के आधार पर चुनाव प्रचार में कूद गए हैं। पहले भी ऐसे कई मामलों में कांग्रेस नेता मुंह की खा चुके हैं और देवनारायण मंदिर मामले में तो इन्होंने झूठ की सभी सीमाओं को लांघ दिया है। वे भरी सभा में पीएम नरेन्द्र मोदी के ​लिफाफे को लेकर नारे लगाती रही लेकिन उन्हें पता नहीं है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के लिफाफे में देश की तरक्की और विकास की कामना है।
प्रियंका गांधी के झूठ का खुलासा करते हुए मंदिर के मुख्य पुजारी ने बताया ​है कि गत भादवीं छठ के अवसर पर दान पात्र भंडार खोला गया, जो समिति एवं सर्वसमाज के देवभक्तों के सामने खोला गया। इसमें नकद राशि, आभूषण, पत्र मिले है। इस दौरान मंदिर समिति के लोगों से व्यक्तिगत रंजिश रखने वाले आसींद एवं भीलवाडा के स्थानीय रजनेताओं ने सोशल मीडिया में भ्रम फैलाया गया कि प्रधानमंत्री जी द्वारा कोई लिफाफा डाला गया। इसको खोलने पर 21 रुपए निकले, परन्तु मंदिर समिति एवं मैंने कभी भी किसी समाचार एवं टीवी चैनल में लिफाफा एवं पत्र के बारे में कोई भी वक्तव्य जारी नहीं किया, कि प्रधानमंत्री मोदी ने कोई लिफाफा दान पात्र में डाला और ना ही दान पात्र खोलते समय यह नहीं बताया कि यह प्रधानमंत्री जी का लिफाफा है। इसके साथ ही दानपत्र में और भी कई लिफाफा थे, जिसको मीडिया ने प्रसारित नहीं किया। पोसवाल ने कहा कि यह रंजिशवश स्थानीय नेताओं ने खबर प्लांट करवाकर सनातन धर्म मंदिर एवं लोकप्रिय नेता मोदीजी की छवि को धुमिल करने के लिए एक ही लिफाफा की खबर प्रसारित कर गलत भ्रम फैलाया गया। इससे भक्त एवं भगवान की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाई गई है।
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अमित गोयल ने कहा है कि अपने इस झूठ के लिए प्रियंका गांधी को सार्वजनिक रूप से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से माफी मांगनी चाहिए। साथ ही उन्हें यह भी बताना चाहिए कि वे अब तक कितने मंदिरों में गई्ं है और वहां पर उनके लिफाफे में कितने रूपए डाले गए है। जब वे कांग्रेस की इतनी बडी नेता होकर प्रधानमंत्री के लिफाफे पर बयान दे सकती है तो उन्हें अपने लिफाफे की जानकारी भी जनता के बीच देनी चाहिए। साथ ही कांग्रेस पार्टी की तुष्टीकरण में डूबी सरकार में बडी संख्या में पुजारियो की हत्या व मंदिर तोड़ने की घटना और पुजारियों के आत्मदाह पर भी प्रियंका गांधी को मुंह खोलना चाहिए था।

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
0FollowersFollow
0SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

Latest Articles