केन्द्रीय चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने कहा कि सभी चिकित्सकों को अपने सामर्थ्य तथा कर्तव्यपरायणता के साथ काम कर वर्ष 2047 तक देश को विकसित बनाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभानी है।
केंद्रीय चिकित्सा मंत्री मांडविया शनिवार को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, केन्द्रीय जलशक्ति मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत की उपस्थिति में जोधपुर के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान के चौथे दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के तौर पर संबोधित कर रहे थे। उन्होंने दीक्षांत समारोह में उपाधि प्राप्त करने वाले चिकित्सकों को बधाई देते हुए कहा कि हमारे देश में चिकित्सक को कमर्शियल प्रोफेशन ना मानकर सेवा का दर्जा दिया जाता है ऐसे में सभी चिकित्सक मरीज की सेवा को सर्वाच्च मानकर अपना कर्तव्य निभाएं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी का मानना है कि अगर 140 करोड़ भारतीय एक संकल्प के साथ कार्य करेंगे तो देश बहुत आगे बढ़ जाएगा।
स्वास्थ्य सूचकांकों में राजस्थान को अग्रणी बनाने के लिए प्रतिबद्ध : भजनलाल शर्मा
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार सभी स्वास्थ्य सूचकांकों में राज्य को देश में अग्रणी बनाने के लिए प्रतिबद्ध है तथा सरकार द्वारा संकल्प पत्र में शामिल चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण से जुड़े सभी बिन्दुओं को सौ प्रतिशत अमल में लाया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के उन्नयन से जुडे़ कार्य को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना के तहत केन्द्र सरकार ने 120 करोड़ रुपये की सहायता प्रदान की है।
देश में 834 लोगों की आबादी पर एक डॉक्टर उपलब्ध
मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि बीते एक दशक के दौरान यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत चिकित्सा क्षेत्र के मानकों में बेहतर स्थिति में आ गया है। देश में मेडिकल कॉलेजों की संख्या 381 से बढ़कर 706 हो गई है तथा एमबीबीएस सीटों की संख्या 54 हजार 348 से बढ़कर एक लाख 9 हजार से ज्यादा हो गई है। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार के अथक प्रयासों से वर्तमान में देश में 834 लोगों की आबादी पर एक डॉक्टर उपलब्ध है जिससे देश को पहले से कहीं ज्यादा चिकित्सक प्रतिवर्ष मिल रहे है।
अंगदान की ऑनलाइन रजिस्ट्री में प्रदेश पहले स्थान पर
मुख्यमंत्री शर्मा ने राज्य में चिकित्सा के क्षेत्र में हो रहे कार्यां का उल्लेख करते हुए कहा कि देश में अंगदान की ऑनलाइन रजिस्ट्री में राजस्थान पहले स्थान पर है। उन्होंने कहा कि राज्य में 63 लाख लोगों के आयुष्मान भारत कार्ड की ईकेवाईसी हुई है तथा 9 हजार 947 स्वास्थ्य केन्द्रों को आयुष्मान आरोग्य मंदिर के रूप में परिवर्तित कर दिया गया है। ये आरोग्य मंदिर बेहतर उपचार के साथ-साथ प्रिवेंटिव एवं प्रमोटिव हैल्थ सर्विस भी उपलब्ध करवाएंगे।
इस अवसर पर केन्द्रीय जलशक्ति मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में देश स्वास्थ्य सूचकांकों में वृद्वि कर रहा है तथा अब चिकित्सा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ किया जाएगा। उन्होंने बताया कि जोधपुर एम्स में डीमार्ट के संस्थापक राधाकृष्ण दमानी द्वारा 100 करोड रुपए के सामाजिक उत्तरदायित्व अंशदाऩ की सहमति दी गई है जो हम सभी के लिए हर्ष का विषय है।
इस दौरान एमबीबीएस एवं बीएससी नर्सिंग पाठ्यक्रम में श्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले छात्र- छात्राओं को पदक एवं उपाधियां प्रदान की गई।
इससे पहले केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री, केन्द्रीय जलशक्ति मंत्री तथा मुख्यमंत्री द्वारा जोधपुर एम्स सहित देश के विभिन्न एम्स और राजस्थान में स्वास्थ्य परियोजनाओं एवं सुविधाओं का शिलान्यास, उद्घाटन एवं लोकार्पण किया गया। कार्यक्रम में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेन्द्र सिंह, संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल, राज्यसभा सांसद राजेन्द्र गहलोत, अतिरिक्त मुख्य सचिव, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग श्रीमती शुभ्रा सिंह, एम्स जोधपुर के अध्यक्ष डॉक्टर एसएस अग्रवाल, कार्यकारी निदेशक एम्स जोधपुर मधाबनंदा कर सहित अधिकारी, चिकित्सकगण तथा छात्र- छात्राएं मौजूद थे।
241 करोड़ से अधिक के कार्यों का शिलान्यास एवं लोकार्पण, 200 करोड़ रुपए की लागत से सुपर स्पेशिलिटी ब्लॉक (सम्बद्ध सवाई मानसिंह चिकित्सा महाविद्यालय, जयपुर) के अपग्रेडेशन कार्य का,39 करोड़ 26 लाख रुपए की लागत से 63 नवनिर्मित भवनों के निर्माण कार्यों का, गुमानसर कलां (झुंझुनूं), बामन गांव, देवजी का थाना (बूंदी), बपूई (सवाईमाधोपुर), भैंसलाना (जयपुर-ग्रामीण), कालवा (नागौर), दौलतपुरा (करौली) में 7 प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों के भवन का लोकार्पण किया किया।
उपजिला चिकित्सालय नसीराबाद (अजमेर) एवं सीएचसी पांचू (बीकानेर) में प्रसव कक्षों के भवन का,जिला अस्पताल हिण्डौन (करौली) एवं डीडवाना (नागौर) में 2 एमएनसी यूनिट का,उप जिला अस्पताल फागी (जयपुर-ग्रमीण), सीएचसी कापरेन (बूंदी) एवं सीएचसी गंगापुर (भीलवाड़ा) में 3 ब्लॉक पब्लिक हैल्थ यूनिट के भवन का,हनुमानगढ, श्रीगंगानगर, सवाईमाधोपुर, बूंदी में 4 जिला औषधि भण्डार के भवन का, सीएचसी नारेडा (कोटपुतली-बहरोड़), सीएचसी कराना (कोटपुतली-बहरोड़) एवं पीएचसी नीम का खेड़ा (बूंदी) में चिकित्सा कर्मियों के आवासीय भवन का लोकार्पण किया। कोटपुतली बहरोड़ जिले के अनंतपुरा, छिन्द जयसिंहपुरा, गंगापुर सिटी के सीतोड, हनुमानगढ़ के 10 जेआरके धानकावाली, श्रीगंगानगर के खख्खा, 18 एच, सवाई माधोपुर के पीपलवाडा, अजनोटी, अजमेर के ढाणी पुरोहितान, धौलपुर के गोलारी, मथारा, बूंदी के सूतडा, आमली, टोकडा, चावण्डपुरा, रजलावटा, उतराना, गुमानपुरा, नाहरगंज, नयागांव, सुवानियां, करौली के दरगमा, कराई, केकड़ी के महरु, भांसू, हनुमानगढ़ के नाईवाला, भूरानपुरा, 34 एसटीजी, 10 एसएसडब्ल्यूए, भरतपुर के सूरजापुर, नोहरदा, राजसमन्द के लाखागुढ़ा, मण्डावर, चूरू के अमरसर, बैरासर, चम्पावसी, ढाणी दूधगिरी, जालोर के कुडा, लुणीयासर, चैनपुरा, टोंक के मंडावरा, उखलाना में 42 उपस्वास्थ्य केन्द्रों के भवन का लोकार्पण किया। इसकेअलावा प्रधानमंत्री-आयुष्मान भारत हैल्थ इन्फास्ट्रक्चर मिशन के अंतर्गत बूंदी जिले के अजेता, रामनगर, हीरापुर, सवाईमाधोपुर जिले के करेल, पुरापनेसिंह में 5 नवीन उपस्वास्थ्य केन्द्रों के भवन निर्माण कार्यों का शिलान्यास किया।


